भारतीय जनता पार्टी
देहरादून |उत्तराखंड में आगामी चुनाव की आहट के साथ ही प्रदेश की सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी के भीतर हलचल तेज हो गई है। सूत्रों के हवाले से खबर है कि पार्टी द्वारा कराए गए हालिया आंतरिक सर्वे में करीब आठ विधायकों का प्रदर्शन संतोषजनक नहीं पाया गया है। इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद राजनीतिक गलियारों में विधायकों के टिकट कटने की अटकलें तेज हो गई हैं, जिससे कई जनप्रतिनिधियों की धड़कनें बढ़ गई हैं।
सर्वे का उद्देश्य टिकट काटना नहीं, सुधार है: भाजपा
पार्टी के भीतर मची इस खलबली के बीच भाजपा संगठन ने स्थिति स्पष्ट करने का प्रयास किया है। पार्टी का कहना है कि यह एक नियमित प्रक्रिया है और इसे टिकटों के वितरण से जोड़कर देखना गलत होगा। भाजपा के अनुसार, सर्वे का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सरकार की जनहितकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंच रहा है या नहीं।
मीडिया प्रभारी मनवीर सिंह चौहान का पक्ष
भाजपा के प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर सिंह चौहान ने इन अटकलों को खारिज करते हुए कहा कि भारतीय जनता पार्टी एक अनुशासित संगठन है जो समय-समय पर अपने जनप्रतिनिधियों के कार्यों की समीक्षा करती रहती है। उन्होंने कहा, “सर्वे का अर्थ यह कतई नहीं है कि किसी विधायक का टिकट काटा जा रहा है। हम यह देखते हैं कि हमारे प्रतिनिधि जनता के बीच कितने सक्रिय हैं। जहाँ भी कोई कमी या गैप नजर आता है, उसे सुधारने के निर्देश दिए जाते हैं ताकि संगठन को और मजबूती दी जा सके।”
