रिया कुमारी थापा
देहरादून: “आई लव यू मम्मी-पापा, पढ़ाई में सफलता नहीं मिलने पर मैंने यह कदम उठाया है।” ये भावुक कर देने वाले आखिरी शब्द देहरादून की 30 वर्षीय रिया कुमारी थापा के हैं, जिसने नीट (NEET) परीक्षा के तनाव के चलते फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। पुलिस को शव के पास से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है।
12वीं में किया था कॉलेज टॉप, खुद उठाती थी पढ़ाई का खर्च
रिया कुमारी थापा पढ़ाई में बेहद होनहार थी। उसने आईएसबीटी के पास राममोहन राय इंटर कॉलेज से 97.6 फीसदी अंक हासिल कर कॉलेज टॉप किया था। रिया के पिता कारगिल युद्ध के वीर सेनानी रहे हैं और मां गृहणी हैं। परिजनों और परिचितों ने बताया कि रिया स्वाभिमानी थी; वह बच्चों को ट्यूशन पढ़ाकर अपनी परीक्षा की फीस और किताबों का र्च खुद उठाती थी।
21 जून को होने वाली री-नीट परीक्षा की कर रही थी तैयारी
रिया दो बार नीट की परीक्षा दे चुकी थी और आगामी 21 जून को होने वाली री-नीट परीक्षा की तैयारी में जुटी थी। वह देर रात तक पढ़ाई करती थी, लेकिन पिछले कुछ समय से परीक्षा और सफलता को लेकर काफी मानसिक तनाव में थी।
कमरे का दरवाजा नहीं खुला तो सामने आया सच मंगलवार दोपहर जब रिया के कमरे का दरवाजा काफी देर तक नहीं खुला, तो मां ने आवाज दी। कोई जवाब न मिलने पर पिता ने दरवाजा खोला, तो अंदर का मंजर देखकर पैरों तले जमीन खिसक गई। रिया फंदे से लटकी हुई थी। सूचना मिलते ही पटेल नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की।
इलाके में शोक की लहर
एक प्रतिभावान और लगनशील बेटी के इस खौफनाक कदम से पूरे इलाके में मातम पसरा है। आसपास के लोगों का कहना है कि रिया की मेहनत देखकर कोई सोच भी नहीं सकता था कि वह ऐसा कदम उठा लेगी। इस घटना ने एक बार फिर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों पर बढ़ते मानसिक दबाव और डिप्रेशन को लेकर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।
