हीट वेव
देहरादून समेत 6 जिलों में पारा 41 डिग्री के पार; अस्पतालों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश, रोजाना मांगी रिपोर्ट
देहरादून : उत्तराखंड समेत पूरे उत्तर भारत में इन दिनों भीषण गर्मी और चिलचिलाती धूप का सितम जारी है। मौसम विभाग (IMD) ने आगामी 48 घंटों के लिए प्रदेश के मैदानी क्षेत्रों में तीव्र ‘हीट वेव’ (लू) का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। गुरुवार को राजधानी देहरादून, हरिद्वार और ऊधम सिंह नगर समेत 6 जिलों में सूरज के तीखे तेवरों ने लोगों को बेहाल कर दिया। तेज गर्मी और लू के सीधे खतरे को देखते हुए प्रदेश सरकार ने स्वास्थ्य विभाग को तत्काल अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए हैं। शासन स्तर से सभी जिलों के मुख्य चिकित्साधिकारियों से रोजाना की स्थिति रिपोर्ट मांगी गई है।
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, बीते 16 मई से प्रदेश के मैदानी और तराई क्षेत्रों में लगातार शुष्क और गर्म हवाएं चल रही हैं, जिससे तापमान में अप्रत्याशित बढ़ोतरी दर्ज की गई है। वर्तमान में उत्तरकाशी, देहरादून, हरिद्वार, ऊधम सिंह नगर, नैनीताल और पौड़ी जिले के मैदानी हिस्से भीषण गर्मी की चपेट में हैं। आने वाले दिनों में पारा और अधिक बढ़ने की आशंका जताई गई है, जिससे फिलहाल राहत मिलने के आसार नहीं हैं। दोपहर से पहले ही चल रही गर्म हवाओं के कारण बाजारों और सड़कों पर सन्नाटा पसरने लगा है और लोग घरों से बाहर निकलने से बच रहे हैं।
🌡️ प्रमुख शहरों का तापमान
देहरादून: 41°C
हरिद्वार: 40°C
पंतनगर: 40°C
रुद्रपुर: 40°C
हल्द्वानी: 39°C
काशीपुर: 39°C
कोटद्वार: 39°C
🏥 स्वास्थ्य विभाग की एडवाइजरी: अस्पतालों में विशेष इंतजाम
भीषण गर्मी को देखते हुए स्वास्थ्य महानिदेशालय ने सभी सरकारी अस्पतालों के लिए जरूरी गाइडलाइन जारी की है। देहरादून जिला अस्पताल समेत तमाम बड़े केंद्रों में हीट स्ट्रोक (लू लगना) के मरीजों के लिए विशेष वार्ड और बेड आरक्षित किए गए हैं, जहाँ आपात स्थिति के लिए ‘आइस पैक’ (बर्फ की थैलियां) और ओआरएस (ORS) की पर्याप्त व्यवस्था रखी गई है।
आम जनता को सलाह:
दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच बेवजह धूप में निकलने से बचें।
प्यास न लगने पर भी लगातार पानी, छाछ या नींबू पानी पीते रहें।
जरूरी होने पर बाहर निकलते समय सिर को सूती कपड़े, छतरी या टोपी से ढकें।
बदलते मौसम के बीच आम जनता भी चिलचिलाती धूप से बचने के लिए स्वास्थ्य विभाग की एडवाइजरी के साथ-साथ पारंपरिक घरेलू नुस्खों (जैसे आम का पना और पुदीने का रस) का सहारा ले रही है। डॉक्टरों ने सलाह दी है कि चक्कर आने, अत्यधिक सिरदर्द या उल्टी जैसे लक्षण होने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें।
