खटीमा गोलीकांड
प्रमुख बिंदु
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दिवस: खटीमा गोलीकांड की 32वीं बरसी (काला दिवस)।
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तिथि: 1 सितंबर 1994।
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हताहत: 7 आंदोलनकारी शहीद, 165 से अधिक घायल।
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विशेष उपस्थिति: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सहित कई गणमान्य लोग शहीद स्मारक पर आयोजित कार्यक्रम में करेंगे प्रतिभाग।
खटीमा/देहरादून: उत्तराखंड राज्य आंदोलन के इतिहास के सबसे काले अध्यायों में से एक खटीमा गोलीकांड की आज 32वीं बरसी है। एक सितंबर 1994 का वह दिन आज भी हर उत्तराखंडी की आंखों में काले दिवस के रूप में तैर रहा है। पृथक राज्य की मांग को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से सड़कों पर उतरे राज्य आंदोलनकारियों पर पुलिस ने ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दी थीं, जिसमें सात लोग शहीद हो गए थे और 165 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे। कई आंदोलनकारियों को गिरफ्तार कर जेल भी भेजा गया था। खटीमा से उठी राज्य आंदोलन की यह चिंगारी अगले ही दिन पूरे तत्कालीन उत्तर प्रदेश में फैल गई थी, जिसके बाद मसूरी में भी पुलिस फायरिंग में छह आंदोलनकारी शहीद हो गए थे।
कैसे भड़की थी आंदोलन की आग
उत्तराखंड राज्य निर्माण सेनानी संगठन के प्रदेश प्रवक्ता भगवान जोशी के अनुसार, 1 सितंबर 1994 को पृथक राज्य की मांग को लेकर रामलीला मैदान में लगभग 10,000 लोग एकत्रित हुए थे। जुलूस की शक्ल में लोग सितारगंज रोड की ओर बढ़े और जब यह जुलूस लौटते हुए कोतवाली गेट के पास से गुजर रहा था, तब वहां अचानक पथराव शुरू हो गया। इसके कुछ ही देर बाद पुलिस ने आंदोलनकारियों पर पहले आंसू गैस के गोले छोड़े और फिर सीधी फायरिंग शुरू कर दी, जिसमें सात बेकसूर लोग शहीद हो गए। उत्तराखंड राज्य के गठन में इन शहीदों के सर्वोच्च बलिदान को कभी नहीं भुलाया जा सकता।
खटीमा गोलीकांड के अमर शहीद
इस दर्दनाक गोलीकांड में जिन वीर आंदोलनकारियों ने अपने प्राणों की आहुति दी, उनके नाम निम्नलिखित हैं:
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भगवान सिंह
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प्रताप सिंह
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सलीम
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धर्मानंद भट्ट
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गोपीचंद
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परमजीत सिंह
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रामपाल
शहीद स्मारक पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम की तैयारियां
खटीमा गोलीकांड की बरसी पर शहीद स्मारक पर होने वाले श्रद्धांजलि कार्यक्रम को लेकर प्रशासन, जनप्रतिनिधियों और स्थानीय कार्यकर्ताओं ने स्थल का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस commemorative कार्यक्रम में प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी विशेष रूप से प्रतिभाग कर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे। निरीक्षण के दौरान दायित्वधारी कैप्टन गंभीर सिंह धामी, नगर पालिकाध्यक्ष रमेश चंद्र जोशी, एसडीएम तुषार सैनी, तहसीलदार वीरेंद्र सजवाण, नंदन सिंह खड़ायत और अमित कुमार पांडेय सहित कई प्रमुख लोग उपस्थित रहे।
